Sun Sun Sun Barsaat Ki Dhun Lyrics


Sun Sun Sun Barsaat Ki Dhun Lyrics


आओ एक भीगी हुई सी कहानी सुनाता हूँ जब आसमान से बूँदें नहीं मोहब्बत बरसी थी बरसात ने ऐसी धुन छेड़ी जिसके लिए ज़िन्दगी सदियों तरसी थी 



Video Link : Sun Sun Sun Barsaat Ki Dhun 


Lyrics

किसी शायर का दिल बनके 

बरसाती हैं बूँदें तुमपे

किसी शायर का दिल बनके 

बरसाती हैं बूँदें तुमपे 

नज़ारा उफ़ क्या होता है 

गुज़रती हैं जब जुल्फों से 

दूर कहीं अब जाओ ना तुम 

सुन सुन सुन बरसात की धुन सुन

सुन सुन सुन बरसात की धुन सुन

दिल में यही एक ग़म रहता है 

साथ मेरे तू कम रहता है 

हाँ दिल में यही एक ग़म रहता है 

साथ मेरे तू कम रहता है 

छोड़ के अभी जाओ ना तुम 

सुन सुन बरसात की धुन सुन 


हाँ...., धीरे धीरे .., हौले हौले भीगा देंगी ये बरसातें 

हो ......., धीरे धीरे हौले हौले भीगा देंगी ये बरसातें 

जाने कहाँ फिर मिलेंगी हमें ऐसी मुलाकातें 

संभालू कैसे मैं दिल को

 दीवाना चाहे बस तुम को 

ख्वाईशों में ही जल रहा हूँ मैं यहाँ 

वो पहली सी बारिश बनके 

बरस जाओ ना तुम हमपे 

हवा का रुख बदल जाये 

मोहब्बत करना तुम ऐसे 

ख्वाब मेरा ये तोड़ो ना तुम 


हो हो

 जिस्मों पे बरसती बारिश ने रूह बिगाड़ी है 

इस मौसम की साजिश ने ये नींदें उड़ा दी है 

वैसे तो डूबने को बस इक बूँद ही काफी है 

सोचो तो ज़रा क्या होगा अभी रात ये बाकी है 

साथ मेरे बह जाओ ना तुम 

सुन सुन सुन बरसात की धुन सुन 

सुन सुन सुन बरसात की धुन सुन 

बिजली चमकी लिपट गए हम 

बादल गरजा सिमट गए हम 

बिजली चमकी लिपट गए हम 

बादल गरजा सिमट गए हम 

होश भी हो जाने दो गुम 

सुन सुन सुन बरसात की धुन सुन 

सुन सुन सुन बरसात की धुन सुन 

सुन सुन सुन बरसात की धुन सुन

Post a Comment

0 Comments